Wednesday, June 6, 2012

शुरुआत

 शुरुआत 



शुरू अल्लाह के नाम से जो बड़ा मेहरबान और निहायत रहम वाला है।
उसी ने ये सब कुछ बनाया है और एक दिन सब कुछ फना भी हो जायेगा।हम इस दुनिया में क्यों पैदा किये गए ? हम किस लिए जी रहे हैं .
हम जब बच्चे होते हैं हमारा सब ख्याल रखते हैं जब हम बड़े होते हैं उन्ही ख्याल रखने वालो को भूल जाते हैं , ख्वाहिशे हमारा पीछा नहीं छोडती हैं , ज़रूरतें ज़िन्दगी का मकसद बन जाती हैं,ऐसा लगता है कि हमारी ख्वाहिश ही हमारी ज़िन्दगी का मकसद है। ख्वाहिशे पूरा होते ही फिर नयी ख्वाहिशें हमें सताने लगती हैं। फिर हम परेशां होने लगते हैं और दूसरों को भी परेशान  करने लगते हैं।


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